मोहर्रम का चांद नजर आया, इस्लामी नए साल 1448 हिजरी की शुरुआत, 26 जून को यौमे आशूरा
मोहर्रम का चांद नजर आया, इस्लामी नए साल 1448 हिजरी की शुरुआत, 26 जून को यौमे आशूरा
मोहर्रम का चांद नजर आया, इस्लामी नए साल 1448 हिजरी की शुरुआत, 26 जून को यौमे आशूरा
News Unique India | पश्चिम बंगाल
मोहर्रम 1448 हिजरी का चांद नजर आने के साथ ही इस्लामी नए साल की शुरुआत हो गई है। चांद दिखाई देने की पुष्टि के बाद मुस्लिम समुदाय में नए हिजरी वर्ष का आगाज हो गया। विभिन्न धार्मिक संगठनों और चांद देखने वाली समितियों की घोषणाओं के अनुसार, इस वर्ष यौमे आशूरा 26 जून को मनाया जाएगा।
मोहर्रम इस्लामी कैलेंडर का पहला महीना है और इसे इस्लाम के चार पवित्र महीनों में से एक माना जाता है। इसी महीने की 10वीं तारीख को यौमे आशूरा मनाया जाता है, जिसका मुस्लिम समुदाय में विशेष धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व है।
पश्चिम बंगाल सहित देश के विभिन्न हिस्सों में मोहर्रम को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। आने वाले दिनों में मस्जिदों, इमामबाड़ों और विभिन्न धार्मिक संस्थानों में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। वहीं यौमे आशूरा के अवसर पर कई स्थानों पर मजलिस, जुलूस और अन्य धार्मिक आयोजन भी किए जाएंगे।
मोहर्रम का महीना त्याग, सब्र, इंसाफ और मानवता का संदेश देता है। मुस्लिम समुदाय इस पूरे महीने इबादत और धार्मिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेता है।
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